बुलंदशहर। बुलंदशहर से दो बार विधायक रह चुके, विधायक की पत्नी की हत्या के मामले में विधायक के बेटों को आठ साल बाद हुए बरी, जानिए क्या था पूरा मामला

बुलंदशहर। बुलंदशहर से दो बार विधायक रह चुके, विधायक की पत्नी की हत्या के मामले में विधायक के बेटों को आठ साल बाद हुए बरी, जानिए क्या था पूरा मामला
ब्यूरो ललित चौधरी बुलंदशहर से दो बार विधायक रहे दिवंगत हाजी अलीम की दूसरी पत्नी रिहाना की हत्या के मामले में उनके दोनों बेटों को कड़कड़डूमा कोर्ट ने बरी कर दिया है। हाजी अलीम के बेटे अनस व दानिश को सबूतों के अभाव व कई गवाहों के बयान से पलट जाने पर कोर्ट ने उनके साथ ही  कारोबारी मित्र नदीम को बरी कर दिया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रविंद्र बेदी के कोर्ट ने आठ वर्ष बाद हत्या के मामले में तीनों आरोपितों को बरी कर दिया। अनस और दानिश के वकील जेड बाबर चौहान ने मुताबिक रिहाना जाफराबाद में रहती थीं, अक्टूबर 2013 में घर के अंदर उनकी हत्या हुई थी। उनके शरीर पर चाकू और गोलियों के निशान थे।  रिहाना की बहन फरजाना ने उनके सौतेले बेटों पर हत्या का आरोप लगाया था। पुलिस ने केस दर्ज कर अलीम के दोनों बेटों अनस व दानिश और उनके कारोबारी मित्र को गिरफ्तार कर लिया था, पुलिस का कहना था हत्या वाले दिन तीनों की मोबाइल लोकेशन जाफराबाद की थी, अनस के पास से चाकू भी बरामद किया गया था। दानिश के फिंगरप्रिंट घर में मिले थे। दानिश अपने भाई अनस को नदीम के पास छोड़कर कुछ देर के लिए अपनी माँ से मिलने चला गया और चाय-पानी पीकर क…