अलीगढ़ या हरिगढ़, अब तय करेगी सरकार, राजनीतिक दल हुए सक्रिय, जानिए विस्‍तार से

डेस्क समाचार दर्पण लाइव

अलीगढ़ : जिला पंचायत से भले ही अलीगढ़ जिले का नाम हरिगढ़ करने का प्रस्ताव पास हो गया है, लेकिन इसकी आगे की राह इतनी आसान नहीं हैं। अब नाम परिर्वतन का प्रस्ताव शासन के पाले में पहुंच गया है। वहां से ही अंतिम निर्णय होगा कि अलीगढ़ हरिगढ़ बनेगा या फिर पुराना नाम ही रहेगा। जिले में अब तक केवल सांसद सतीश गौतम के पैत्रक गांव सढ़ा का नाम ही परिवर्तित हुआ है। पिछले साल राज्य सरकार ने इस पर मुहर लगाई थी। अब इसकी पहचान दामोदर नगर के नाम से ही होती है।

यह है मामला

सोमवार को जिला पंचायत की पहली बोर्ड बैठक में अतरौली ब्लाक प्रमुख राजेश्वरी के पति केहरी सिंह व बिजौली ब्लाक प्रमुख उमेश यादव ने अलीगढ़ को हरिगढ़ बनाने का प्रस्ताव रखा था। बोर्ड से इसे सर्वसम्मिति से पास करा दिया। केहरी सिंह ने धनीपुर हवाई पट्टी का नाम भी पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के नाम पर रखनी की मांग की। इस पर भी सहमति दे दी गई। अब इन दोनों प्रस्तावों को शासन स्तर पर भेजा जाएगा। वहां से आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। हालांकि, जिला पंचायत बोर्ड की बैठक से प्रस्ताव पास होते ही इंटरनेट मीडिया पर चर्चाएं शुरू हाे गई हैं। कोई इसके समर्थन में है तो कोई सवाल उठा रहे हैं।

यह रहेगी आगे की प्रक्रिया

जिला पंचायत इस प्रस्ताव को सबसे पहले शासन में भेजेगी। शासन स्तर से इस पर जिला प्रशासन से विस्तृत रिपेार्ट मांगी जााएगी। इस रिपोर्ट के बाद फिर प्रदेश कैबिनेट मंजूरी देगी। इसके बाद प्रस्ताव राज्यपाल के पास जाएगा। राज्यपाल नाम बदलने की अधिसूचना को गृह मंत्रालय में भेजेंगे। गृह मंत्रालय की तरफ से एनओसी जारी होगी। इसके बाद राज्य सरकार जिले का नाम बदलने की अधिसूचना जारी करती है। शासन स्तर से ही इसका गजट जारी होता है। इसके बाद इसकी कापी डाक से जिले के डीएम को भेजी जाती है। वहां से डीएम से सभी विभागों को यह सूचना भेजते हैं। इसके बाद सरकारी कागजों में जिले का बदला हुआ नाम आ जाता है। इस प्रक्रिया में कई-कई महीनों का समय लग जाता है।

सांसद के गांव का बदल चुका है नाम

जिले में अब तक भाजपा सांसद सतीश कुमार गौतम के सढ़ा गांव का नाम बदला जा चुका है। गौंडा ब्लाक स्थित इस गांव का नाम परिवर्तित कर 2020 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता दामोदर दास के नाम पर कर दिया गया। हालांकि, सांसद के पिता का नाम भी दामोदर प्रसाद गौतम है। इस गांव के नाम बदलने की प्रक्रिया 2018 से शुरू हुई थी। डीएम ने 18 जून 2018 को सढ़ा गांव का नाम बदलकर दामोदर नगर करने का प्रस्ताव शासन को भेजा था। प्रदेश सरकार ने इस प्रस्ताव पर सहमति के लिए केंद्र सरकार को लिखा था। तीन जुलाई 2020 को केंद्र ने भी अपनी अनापत्ति प्रदान कर दी। इसके बाद से अब यह गांव दामोदर दास के नाम से जाना जाता है।

पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह पूर्व जिले के आदर्श हैं। ऐसे में सर्वसमाज की मांग को देखते हुए धनीपुर हवाई पट्टी का नाम उनके नाम पर रखने का प्रस्ताव रखा गया था। वहीं, अलीगढ़ जिले का भी पुराना नाम हरिगढ़ था। सरकार से मांग है कि इन दोनों प्रमुख प्रस्तावों पर जल्द से जल्द मंजूरी दी जाए।

केहरी सिंह, प्रतिनिधि, अतरौली ब्लाक प्रमुख

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